आवेश खान (Avesh Khan) टीम इंडिया का उभरता हुआ सितारा हैं। आईपीएल के पिछले सीजन में दिल्ली कैपिटल्स की टीम से खेलते हुए शानदार प्रदर्शन करने वाले इस तेज गेंदबाज को वेस्टइंडीज के खिलाफ होने वाली वनडे और टी20 सीरीज के लिए भारतीय टीम में शामिल किया गया है। आवेश खान का शुरुआती जीवन काफी संघर्षों में बीता था। बैकस्टेज विद बोरिया में बातचीत के दौरान आवेश खान ने अपनी लाइफ से जुड़े कुछ अनसुने किस्सों को शेयर किया है। आवेश खान ने बताया कि कैसे उन्होंनें और उनके माता-पिता ने संघर्ष किया था।
आवेश खान ने कहा, 'स्ट्रगल के बारे में बताऊं तो उसे महसूस सिर्फ मैंने और मम्मी-पापा ने किया है। वैसे अगर मैं आपको बताऊंगा तो बताने में मेरा स्ट्रगल 2 मिनट में खत्म हो जाएगा लेकिन, वो स्ट्रगल हमनें जिया है 10 साल।स्ट्रगल तो मैं आपको बता दूंगा लेकिन उसे महसूस सिर्फ मैं और मेरे मम्मी-पापा कर सकते हैं।
आवेश खान ने आगे कहा, 'सबकी लाइफ सबको स्ट्रगल तो करना पड़ता है चाहे आप कोई सी भी फिल्ड में हों।अगर आपको कुछ पाना है तो स्ट्रगल तो करना ही पड़ेगा चाहे आप अमीर परिवार से हो या गरीब परिवार से। पापा की पान की दुकान थी फिर कंसट्रक्शन हुआ तब उनकी दुकान हट गई। पापा के पास कुछ काम नहीं था 2 साल तक।'
आवेश खान के पापा ने बोला था यार नई साइकिल खरीदने के लिए पैसा नहीं है
ग्राउंड काफी दूर था हमारे घर से ऐसे में बस से आने जाने में मुझे 30 रुपए लगता था जो उस वक्त हमारे लिए काफी ज्यादा था। मैंने पापा से बोला था कि पापा इसमें ज्यादा पैसा लग रहा है अगर आप एक साइकिल दिला दोगें तो मैं उससे स्कूल भी चला जाऊंगा और प्रैक्टिस पर भी। पापा ने बोला अभी मेरे पास इतना पैसा नहीं है तब हमेने सेकंड हैंड साइकिल ली थी। लेकिन, अब हमारे हालात बदल गए हैं और हमारे पास कार है।
यह भी पढ़ें: धोनी क्यों नहीं रखते हैं मोबाईल फोन? जानकर रह जाएंगे हैरान
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal https://ift.tt/4pA51ISVF
https://ift.tt/l9wX5dSBm